Fourth Sero Survey Started In Delhi – एंटीबॉडी का पता लगाने के लिए दिल्ली में चौथा सीरो सर्वे शुरू, सभी जिलों से लिए जाएंगे सैंपल

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प्रतीकात्मक तस्वीर


अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

Updated Sun, 18 Oct 2020 05:25 AM IST

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राजधानी में कोरोना संक्रमण की वर्तमान स्थिति का आकलन करने के लिए सीरो सर्वे का चौथा चरण शनिवार से शुरू हो गया। 23 अक्तूबर तक चलने वाले इस सर्वे के जरिए यह पता लगाया जाएगा कि इस समय कितने फीसदी लोगों में संक्रमण के खिलाफ एंटीबॉडी बन चुकी हैं। इससे दिल्ली में कोरोना की स्थिति का विस्तारपूर्वक विश्लेषण किया जा सकेगा।

स्वास्थ्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, सर्वे में उन्हीं नियमों का पालन किया जाएगा, जो नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल (एनसीडीसी) की तरफ से किए गए सर्वे में किया गया था। इस बार सभी 11 जिलों से 15,564 लोगों के नमूने लिए जाएंगे। सर्वे के परिणाम 23 अक्तूबर तक आने की संभावना है। जिन लोगों के नमूने इससे पहले सर्वे में लिए गए थे इस बार उनके सैंपल नहीं लिए जाएंगे। इसमें उन्हें ही शामिल किया जाएगा जिनमें कोई लक्षण नहीं हैं। इसमें अलग-अलग उम्र व इलाके के लोगों के लिए जाएंगे।

इससे पहले एक से सात सितंबर के बीच यह सर्वे किया गया था, जिसमें करीब 25  प्रतिशत लोग कोविड-19 से प्रभावित मिले थे। यानी, एक चौथाई लोगों में एंटीबॉडी विकसित होने की बात सामने आई थी। हालांकि, विशेषज्ञ उम्मीद जता रहे थे कि तीसरे सर्वे में करीब 35 फीसदी लोगों में एंटीबॉडी मिलेगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ था।

इस बार भी कम लोगों में एंटीबॉडी मिलने की संभावना

विशेषज्ञों के मुताबिक, इस बार भी कम लोगों में ही एंटीबॉडी मिलने की संभावना है। एम्स के डॉक्टर विक्रम के मुताबिक, दिल्ली में अधिकतर लोग काफी पहले संक्रमित हो चुके हैं। इस सर्वे में जिन लोगों के नमूने लिए जाएंगे उनमें से कई लोगों में एंटीबॉडी अब तक खत्म हो गई होगी।

राजधानी में कोरोना संक्रमण की वर्तमान स्थिति का आकलन करने के लिए सीरो सर्वे का चौथा चरण शनिवार से शुरू हो गया। 23 अक्तूबर तक चलने वाले इस सर्वे के जरिए यह पता लगाया जाएगा कि इस समय कितने फीसदी लोगों में संक्रमण के खिलाफ एंटीबॉडी बन चुकी हैं। इससे दिल्ली में कोरोना की स्थिति का विस्तारपूर्वक विश्लेषण किया जा सकेगा।

स्वास्थ्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, सर्वे में उन्हीं नियमों का पालन किया जाएगा, जो नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल (एनसीडीसी) की तरफ से किए गए सर्वे में किया गया था। इस बार सभी 11 जिलों से 15,564 लोगों के नमूने लिए जाएंगे। सर्वे के परिणाम 23 अक्तूबर तक आने की संभावना है। जिन लोगों के नमूने इससे पहले सर्वे में लिए गए थे इस बार उनके सैंपल नहीं लिए जाएंगे। इसमें उन्हें ही शामिल किया जाएगा जिनमें कोई लक्षण नहीं हैं। इसमें अलग-अलग उम्र व इलाके के लोगों के लिए जाएंगे।

इससे पहले एक से सात सितंबर के बीच यह सर्वे किया गया था, जिसमें करीब 25  प्रतिशत लोग कोविड-19 से प्रभावित मिले थे। यानी, एक चौथाई लोगों में एंटीबॉडी विकसित होने की बात सामने आई थी। हालांकि, विशेषज्ञ उम्मीद जता रहे थे कि तीसरे सर्वे में करीब 35 फीसदी लोगों में एंटीबॉडी मिलेगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ था।

इस बार भी कम लोगों में एंटीबॉडी मिलने की संभावना
विशेषज्ञों के मुताबिक, इस बार भी कम लोगों में ही एंटीबॉडी मिलने की संभावना है। एम्स के डॉक्टर विक्रम के मुताबिक, दिल्ली में अधिकतर लोग काफी पहले संक्रमित हो चुके हैं। इस सर्वे में जिन लोगों के नमूने लिए जाएंगे उनमें से कई लोगों में एंटीबॉडी अब तक खत्म हो गई होगी।



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